Skip to content
17 March 2026
  • Facebook
  • Twitter
  • Youtube
  • Instagram

DHARMWANI.COM

Religion, History & Social Concern in Hindi

Categories

  • Uncategorized
  • अध्यात्म
  • अपराध
  • अवसरवाद
  • आधुनिक इतिहास
  • इतिहास
  • ऐतिहासिक नगर
  • कला-संस्कृति
  • कृषि जगत
  • टेक्नोलॉजी
  • टेलीविज़न
  • तीर्थ यात्रा
  • देश
  • धर्म
  • धर्मस्थल
  • नारी जगत
  • पर्यटन
  • पर्यावरण
  • प्रिंट मीडिया
  • फिल्म जगत
  • भाषा-साहित्य
  • भ्रष्टाचार
  • मन की बात
  • मीडिया
  • राजनीति
  • राजनीतिक दल
  • राजनीतिक व्यक्तित्व
  • लाइफस्टाइल
  • वंशवाद
  • विज्ञान-तकनीकी
  • विदेश
  • विदेश
  • विशेष
  • विश्व-इतिहास
  • शिक्षा-जगत
  • श्रद्धा-भक्ति
  • षड़यंत्र
  • समाचार
  • सम्प्रदायवाद
  • सोशल मीडिया
  • स्वास्थ्य
  • हमारे प्रहरी
  • हिन्दू राष्ट्र
Primary Menu
  • समाचार
    • देश
    • विदेश
  • राजनीति
    • राजनीतिक दल
    • नेताजी
    • अवसरवाद
    • वंशवाद
    • सम्प्रदायवाद
  • विविध
    • कला-संस्कृति
    • भाषा-साहित्य
    • पर्यटन
    • कृषि जगत
    • टेक्नोलॉजी
    • नारी जगत
    • पर्यावरण
    • मन की बात
    • लाइफस्टाइल
    • शिक्षा-जगत
    • स्वास्थ्य
  • इतिहास
    • विश्व-इतिहास
    • प्राचीन नगर
    • ऐतिहासिक व्यक्तित्व
  • मीडिया
    • सोशल मीडिया
    • टेलीविज़न
    • प्रिंट मीडिया
    • फिल्म जगत
  • धर्म
    • अध्यात्म
    • तीर्थ यात्रा
    • धर्मस्थल
    • श्रद्धा-भक्ति
  • विशेष
  • लेख भेजें
  • dharmwani.com
    • About us
    • Disclamar
    • Terms & Conditions
    • Contact us
Live
  • विशेष
  • षड़यंत्र

Epsitin का वन वर्ल्ड वन रिलिजन या कुछ ओर…

admin 14 February 2026
Pop Francis with Narendra Modi Prime Minister of India
Spread the love

भविष्य पुराण में #Epstein को लेकर सांकेतिक तौर पर लिखा है कि समय आने पर “#कलि या #कलियुग” को उसके अनुयाई स्वयं जगाएंगे, और वहीं से कलि अपना शासन चलाना शुरू कर देगा। इस आधार पर यह माना जाना चाहिए कि कलयुग का वास्तविक शासन यहां से शुरू हो चुका है या होने वाला है। कलयुग का यह शासन चार लाख वर्षों तक कई छोटे बड़े बदलावों के साथ यूं ही चलता रहेगा। और जब 32 हजार साल का #संधिकाल शेष रहेगा (#द्वापर में यह संधिकाल इसका दोगुना यानी 64 हजार वर्षों का था) उसी काल में #कल्कि अपने अनुयायियों को विभिन्न नामों, रूपों और आवेश अवतारों के रूप में भेजेंगे ताकि वे वहां कल्कि की सहायता कर सकें।

यानी ये तो अभी ठीक से शुरुआत भी नहीं हुई है। सोचिए कि उसके अनुयाई अगर इतने वीभत्स हैं तो वह खुद कैसा होगा? Epstein मामले को लेकर पौराणिक तथ्यों के अनुसार इतना ही कहा जा सकता है कि भारत में भी राजनीतिक तौर पर उसने यानी कलि शैतान ने लगभग दो दशक पहले से भूमिका बांधना शुरू कर दिया था और आज भी वो वही कर रहा है जिसको हम समझ नहीं पा रहे थे और आज भी नहीं समझ रहे हैं।

जिस देश का शासन या शासन पद्धति, उसकी प्रजा के आगे झुक कर गलतियों को या पापों को स्वीकार करने लग जाएगा या स्वीकार कर क्षमा मांग लेगा और दंड भी भुगत लेगा, तो समझ लेना कि सही मायने में उस देश में कलयुग ने अभी तक भी कदम नहीं रखे हैं। और यदि कोई शासक या शासन पद्धति झुकने को तैयार नहीं है और पाप और पापियों के सहयोगी बनकर प्रजा पर अत्याचार करते रहेंगे तो स्वयं समझ लेना कि वह राज्य या क्षेत्रफल बहुत जल्द अपनी सभ्यता को नष्ट करने पर उतारू है। ऐसी परिस्थितियों में शासको पर आश्रित न होकर प्रजा अपनी रक्षा स्वयं करेगी। इसलिए भविष्य पुराण में स्पष्ट लिखा है कि समय आने पर कई क्षेत्र ऐसे भी होंगे जहां पर कोई शासक या शासन नहीं होगा और बिना शासन पद्धति के ही शासन चलेगा। आपकी संपत्ति, सगे संबंधी आदि वही माने जायेंगे जो आपके शरीर के आसपास दिखेंगे।

हमारे शासकों ने “वन वर्ल्ड वन रिलिजन” का जो नया नारा दिया था उसको आज न सिर्फ अच्छे से समझ जाना चाहिए बल्कि स्वयं से हर एक शब्दों का अर्थ भी स्पष्ट निकाल लेना चाहिए। यहां इसका स्पष्ट संकेत है कि यदि उदाहरण के लिए देखा जाए तो अमेरिका में कोई नीति बन रही है तो उसका पालन भारत में भी करना होगा। अमेरिका में कोई उत्पाद बन रहा है तो उसका भोग भारत में भी करना होगा। लेकिन इसका मतलब यह भी नहीं लगाया जाना चाहिए कि यदि अमेरिका तरक्की कर रहा है तो भारत भी तरक्की करेगा, क्योंकि भारत एक उपनिवेशन बनकर रह जाएगा और अमेरिका यहां पर प्रत्यक्ष शासन करने की क्षमता हासिल करने वाला है। और यदि नहीं समझ पा रहे हैं तो आपको किसी ऐसे व्यक्ति से इसका अर्थ समझना चाहिए जो शुद्ध “जिओ पॉलिटिक्स” में विश्वास रखता हो ना कि संवैधानिक, प्रतिवादी या नेतागिरी जैसी किसी पॉलिटिक्स में।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI को मुख्य रूप से इन्हीं शैतानी शक्तियों ने एक प्रयोग के तौर पर नए रूप में पेश किया है। देखा जाए तो 5G भी यही लोग लेकर आए हैं क्योंकि इसका उद्देश्य ही कुछ और है और ये भी आने वाले समय में पता चलेगा। सोने चांदी की कीमतों में जो उछाल आ रहा है या मार्केट में जो कमी देखी जा रही है वह भी इसी का एक नतीजा है जिसके माध्यम से आपको केवल कागज के नोट थमा कर या डिजिटल के नाम पर आपके पासबुक में सिर्फ आपके धन का एंट्री करवा कर आपको धनवान बनाए जा रहा है लेकिन वास्तव में देखा जाए तो आपके हाथ में सिर्फ वही है जिस मकान में आप रह रहे हैं या जिस खेत में आप खेती कर रहे हैं।

सरकारी स्कीमों के नाम “कॅश लोन फॉर गोल्ड” जैसी स्कीमों के नाम पर आज कई लोग प्रसन्न हो होकर अपना सारा सोना को चांदी बैंकों को देकर आर्थिक मानसिक तौर पर ठन-ठन गोपाल होते जा रहे हैं । लेकिन वे मात्र इतना नहीं जान पा रहे हैं कि कैश यानी नकदी रुपयों की कीमत मात्र कागज के सामान है। जबकि सोना चांदी की कीमत तो हमेशा वही रहती है, चाहे किसी भी देश या नेता का काल हो।

आप मात्र इतना जान लें कि आने वाले मात्र कुछ वर्षों में ही आपका अपना घर और अपनी खेती आदि भी खत्म होने वाला है क्योंकि इस पर भी सरकारों ने कब्जा करना शुरू कर दिया है। यह नीतियां अमेरिका में बनी है और पूरी तरह से अमेरिका है इसमें हम भारतीय शासकों को अगर दोस्त देंगे तो सिर्फ इतना कि वह उनके पिछलग्गु बनकर, औपनिवेशिक बनकर उनका कहना मान रहे हैं।

रूस, चीन, ईरान और नॉर्थ कोरिया जैसे देश के लोग या वहां के शासक अभी भी कलि राक्षस से दूरी बनाए हुए हैं इसलिए वहां के लोग भले ही कितने भी बुरे हों, कलि के वश में नहीं हुए हैं। लेकिन पश्चिम उनको तानाशा मानता है क्योंकि वे अपनी स्वदेशी नीतियों पर चलते हैं और अमेरिका की बात नहीं मानते। भारतीय भी इस पश्चिम के साथ मिलकर इन देशों के नेताओं को तानाशाह इसलिए मानता है क्योंकि वास्तविकता से दूर होकर भारतीयों ने पश्चिम को शत प्रतिशत अपना रखा है। कुछ लोग जो यह बात कहते हैं कि अमेरिका से अच्छा है कि भारत को चीन से दोस्ती कर लेनी चाहिए, यह बात आज समझ में आ जानी चाहिए कि चीन जैसा भी है, वह मांस भक्षि जरूर है, लेकिन इतना बड़ा नरभक्षी नहीं है जितना की आज हम एक विशेष देश को देख रहे हैं।

#एपस्टीनफाइलें #जोबाइडेन #EpsteinFiles

About The Author

admin

See author's posts

34

Post navigation

Previous: गुजरात मॉडल तो आज खुद धूल फांक रहा है…
Next: किसान संघर्ष समिति के राष्ट्रीय प्रवक्ता बने चरण सिंह राजपूत

Related Stories

National seminar on Sustainable Rural Development - Indian Cow Model concluded
  • पर्यावरण
  • विशेष

सतत ग्रामीण विकास – भारतीय गाय मॉडल विषय पर राष्ट्रीय गोष्ठी संपन्न

admin 15 March 2026
Solar energy plants in desert of India
  • पर्यावरण
  • विज्ञान-तकनीकी
  • विशेष

सोलर एनर्जी से सावधान (Beware of Solar Energy)

admin 13 March 2026
World Economic Forum meeting in Davos 2024
  • विशेष
  • षड़यंत्र

सरकार या Goverment क्या है?

admin 13 March 2026

Trending News

सतत ग्रामीण विकास – भारतीय गाय मॉडल विषय पर राष्ट्रीय गोष्ठी संपन्न National seminar on Sustainable Rural Development - Indian Cow Model concluded 1
  • पर्यावरण
  • विशेष

सतत ग्रामीण विकास – भारतीय गाय मॉडल विषय पर राष्ट्रीय गोष्ठी संपन्न

15 March 2026
सोलर एनर्जी से सावधान (Beware of Solar Energy) Solar energy plants in desert of India 2
  • पर्यावरण
  • विज्ञान-तकनीकी
  • विशेष

सोलर एनर्जी से सावधान (Beware of Solar Energy)

13 March 2026
सरकार या Goverment क्या है? World Economic Forum meeting in Davos 2024 3
  • विशेष
  • षड़यंत्र

सरकार या Goverment क्या है?

13 March 2026
रात में पौण्ड्रक का आक्रमण Battle between Paundraka and Lord Krishna 4
  • अध्यात्म
  • विशेष

रात में पौण्ड्रक का आक्रमण

13 March 2026
राजा के कर्तव्य और आधुनिक संविधान An Ancient Indian King and the Modern Constitution 5
  • कला-संस्कृति
  • विशेष

राजा के कर्तव्य और आधुनिक संविधान

12 March 2026

Total Visitor

093131
Total views : 170919

Recent Posts

  • सतत ग्रामीण विकास – भारतीय गाय मॉडल विषय पर राष्ट्रीय गोष्ठी संपन्न
  • सोलर एनर्जी से सावधान (Beware of Solar Energy)
  • सरकार या Goverment क्या है?
  • रात में पौण्ड्रक का आक्रमण
  • राजा के कर्तव्य और आधुनिक संविधान

  • Facebook
  • Twitter
  • Youtube
  • Instagram
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.