Skip to content
23 April 2026
  • Facebook
  • Twitter
  • Youtube
  • Instagram

DHARMWANI.COM

Religion, History & Social Concern in Hindi

Categories

  • Uncategorized
  • अध्यात्म
  • अपराध
  • अवसरवाद
  • आधुनिक इतिहास
  • इतिहास
  • ऐतिहासिक नगर
  • कला-संस्कृति
  • कृषि जगत
  • टेक्नोलॉजी
  • टेलीविज़न
  • तीर्थ यात्रा
  • देश
  • धर्म
  • धर्मस्थल
  • नारी जगत
  • पर्यटन
  • पर्यावरण
  • प्रिंट मीडिया
  • फिल्म जगत
  • भाषा-साहित्य
  • भ्रष्टाचार
  • मन की बात
  • मीडिया
  • राजनीति
  • राजनीतिक दल
  • राजनीतिक व्यक्तित्व
  • लाइफस्टाइल
  • वंशवाद
  • विज्ञान-तकनीकी
  • विदेश
  • विदेश
  • विशेष
  • विश्व-इतिहास
  • शिक्षा-जगत
  • श्रद्धा-भक्ति
  • षड़यंत्र
  • समाचार
  • सम्प्रदायवाद
  • सोशल मीडिया
  • स्वास्थ्य
  • हमारे प्रहरी
  • हिन्दू राष्ट्र
Primary Menu
  • समाचार
    • देश
    • विदेश
  • राजनीति
    • राजनीतिक दल
    • नेताजी
    • अवसरवाद
    • वंशवाद
    • सम्प्रदायवाद
  • विविध
    • कला-संस्कृति
    • भाषा-साहित्य
    • पर्यटन
    • कृषि जगत
    • टेक्नोलॉजी
    • नारी जगत
    • पर्यावरण
    • मन की बात
    • लाइफस्टाइल
    • शिक्षा-जगत
    • स्वास्थ्य
  • इतिहास
    • विश्व-इतिहास
    • प्राचीन नगर
    • ऐतिहासिक व्यक्तित्व
  • मीडिया
    • सोशल मीडिया
    • टेलीविज़न
    • प्रिंट मीडिया
    • फिल्म जगत
  • धर्म
    • अध्यात्म
    • तीर्थ यात्रा
    • धर्मस्थल
    • श्रद्धा-भक्ति
  • विशेष
  • लेख भेजें
  • dharmwani.com
    • About us
    • Disclamar
    • Terms & Conditions
    • Contact us
Live
  • Uncategorized

सूर्य के बहुत नज़दीक पहुंचा नासा, मिला बड़ा रहस्य

admin 16 June 2023
NASA reached very close to the Sun, got a big secret
Spread the love

नासा का कहना है कि सन 2018 में हमने “पार्कर सोलर प्रोब” या “सोलर प्रोब” नाम से एक अन्तरिक्ष यान लॉन्च किया था. उस प्रोब को लांच करने का हमारा जो उद्देश्य था उसके अनुसार ही यह कार्य कर रहा है और अब जाकर उसे यह सफलता हाथ भी लग चुकी है। अब उसने हमें डाटा भेजना भी शुरू कर दिया है जिसमें हमें कई महत्वपूर्ण जानकारियाँ मिल रहीं हैं. नासा के वैज्ञानिकों का कहना है कि इस प्रोब से हमें जो डाटा प्राप्त हुए हैं उनके अनुसार हमने सूर्य की सतह पर सौर हवा के स्रोत की खोज की है। नासा का दावा है फिलहाल हमें जो डाटा मिला है उनके अनुसार यह बड़ी कामयाबी है और उसमें हमें बहुत कुछ हाथ लगा है जो अब तक सूर्य के विषय में रहस्य बने हुए थे.

नासा का कहना है कि हवा के इस स्रोत से निकलकर भारी संख्या में सूर्य की सतह से निकलकर आवेशित कण पृथ्वी की दिशा की ओर बह रहे हैं। नासा के अनुसार “पार्कर सोलर प्रोब” के इस अभियान का प्रमुख उद्देश्य यह निर्धारित करना था कि सूर्य की सतह पर सोलर विंड या सौर हवायें कहाँ से आतीं हैं और बनने के समय वह कैसी दिखती है और सूर्य के गुरुत्वाकर्षण से बचकर ये हवा कैसे बाहर निकल जाती है।

नासा के वैज्ञानिकों का कहना है कि पार्कर सोलर प्रोब ने जैसे ही सूर्य की सतह से करीब 13 मिलियन मील यानी 20.9 मिलियन किलोमीटर पास जाकर जांच शुरू की तो इसके उपकरणों ने सबसे पहले सौर हवा की संरचनाओं का पता लगाया। प्राप्त डाटा के अनुसार यह हवा फोटोस्फीयर या सौर सतह के पास उत्पन्न होती है।

विशाल और अद्भुत आकाशगंगाएं देखकर वैज्ञानिकों के दिमाग हिल गए

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने 2018 में “पार्कर सोलर प्रोब” या “सोलर प्रोब” नाम से एक अन्तरिक्ष यान लॉन्च किया था. उस यान को दिवंगत खगोल वैज्ञानिक यूजीन पार्कर के नाम पर रखा गया। इस प्रोब को लांच करने का उद्देश्य था कि सूर्य के रहस्यों को जाना जाय और उन्हें दुनिया के सामने लाया जाय। नासा के इस मिशन ने 2021 के अंत में सूर्य के सतह को पहली बार स्पर्श किया था। इस अंतरिक्ष यान को यानी पार्कर सोलर प्रोब को विशेष रूप से सौर सतह के ऊपर 4 मिलियन मील यानी 6.4 मिलियन किलोमीटर नजदीक तक उड़ान भरने के लिए डिजाइन किया गया है।

NASA Solar wind during PSP Encounter
“पार्कर सोलर प्रोब” से प्राप्त डाटा पर विस्तृत विवरणों और सोलर विंड के स्रोत की खोज से संबंधित जानकारी को नासा ने “नेचर पत्रिका” में प्रकाशित किया है.

“पार्कर सोलर प्रोब” से प्राप्त डाटा पर विस्तृत विवरणों और सोलर विंड के स्रोत की खोज से संबंधित जानकारी को नासा ने “नेचर पत्रिका” में प्रकाशित किया है. नेचर पत्रिका में बताया गया है कि- “सौर हवा प्लाज्मा का एक निरंतर बहाव है, जो सतह से निकल कर बाहर की ओर बहती है। इस हवा में प्रोटॉन और इलेक्ट्रॉन जैसे कण हैं।

देखें : नासा के पार्कर सोलर प्रोब पर नेचर पत्रिका का लिंक

यह हवा मुख्यरूप से दो प्रकार की है। इसके अलावा इसमें सौर चुंबकीय क्षेत्र का हिस्सा भी समाहित है जो सूर्य के कोरोना से बहुत आगे तक दिखाई देती है। सूर्य के ध्रुवों पर इस हवा की गति करीब 497 मील प्रति सेकंड यानी करीब-करीब 800 किलोमीटर प्रति सेकंड की बहुत ही तेज गति से बह रही है। वैज्ञानिकों ने सूर्य के ध्रुवों पर चलने वाली हवा की इस गति को “सौर तूफान“ का नाम दिया है और कहा है कि यही हवाएं सौरमंडल में गर्मी पैदा करती हैं. जबकि सूर्य के बाकी हिस्सों में बहने वाली सौर हवा करीब-करीब 249 मील प्रति सेकंड यानी 400 किलोमीटर प्रति सेकंड की गति से बह रही हैं जो इतनी खतरनाक या गर्मी पैदा नहीं करतीं।

अब अगर हम यहां बात करें सूर्य पर चलने वाली इन हवाओं की या उस सौर तूफान की तो, वैज्ञानिकों का कहना है कि तेज सौर हवा आमतौर पर पृथ्वी को प्रभावित तो नहीं करती है, लेकिन अधिकतम सौर चक्र के दौरान सूर्य का चुंबकीय क्षेत्र पलट जाता है जो सूर्य की सतह पर कोरोनल छिद्रों को प्रकट करने का कारण बनता है और यही सौर हवा सीधे पृथ्वी की ओर आती है।

वैज्ञानिकों का कहना है कि सौर हवा के स्रोत का पता लगाने और उसको समझने के बाद सौर मंडल के मौसम और उससे पृथ्वी को प्रभावित करने वाले सौर तूफानों के बारे में बेहतर भविष्यवाणी करने या जानने में मदद मिल सकती है।

– अशोक सिंह

About The Author

admin

See author's posts

Post navigation

Previous: नारी के प्रति सम्मान का पैमाना और अधिकारों की वास्तविकता
Next: “आदिपुरूष” के साथ किसका रिश्ता कैसा है?

Related Stories

what nonsense is this - let them say
  • Uncategorized
  • मन की बात
  • विशेष
  • शिक्षा-जगत

कभी उनको भी तो कहने दो कि ये कैसी बकवास है….!

admin 31 March 2026
Narendra Modi drinking charanamrit from a spoon
  • Uncategorized
  • अध्यात्म
  • विशेष

शंकराचार्य जी BJP, RSS, VHP का विरोध क्यों करते है?

admin 2 March 2026
Law & Order in India
  • Uncategorized

गुजरात मॉडल तो आज खुद धूल फांक रहा है…

admin 13 February 2026

Trending News

‘भारत ब्रांड’ का तीसरा चरण शुरू, महंगाई के बीच आम जनता को बड़ी राहत bharat barand 1
  • देश
  • विशेष

‘भारत ब्रांड’ का तीसरा चरण शुरू, महंगाई के बीच आम जनता को बड़ी राहत

1 April 2026
कभी उनको भी तो कहने दो कि ये कैसी बकवास है….! what nonsense is this - let them say 2
  • Uncategorized
  • मन की बात
  • विशेष
  • शिक्षा-जगत

कभी उनको भी तो कहने दो कि ये कैसी बकवास है….!

31 March 2026
भविष्य मालिका ही क्यों चाहिए…! Bhavishya Malika 3
  • विशेष
  • श्रद्धा-भक्ति

भविष्य मालिका ही क्यों चाहिए…!

31 March 2026
प्राचीन Psychological Warfare पद्धति अर्थात “कृत्या स्त्री” और “कृत्या पुरुष” Ancient indian Psychological Warfare Method 4
  • कला-संस्कृति
  • विशेष

प्राचीन Psychological Warfare पद्धति अर्थात “कृत्या स्त्री” और “कृत्या पुरुष”

31 March 2026
रामायण और वेदों का संबंध Relationship between the Ramayana and the Vedas 5
  • विशेष
  • श्रद्धा-भक्ति

रामायण और वेदों का संबंध

27 March 2026
  • bharat barand‘भारत ब्रांड’ का तीसरा चरण शुरू, महंगाई के बीच आम जनता को बड़ी राहत
  • what nonsense is this - let them sayकभी उनको भी तो कहने दो कि ये कैसी बकवास है….!
  • Bhavishya Malikaभविष्य मालिका ही क्यों चाहिए…!

Recent Posts

  • ‘भारत ब्रांड’ का तीसरा चरण शुरू, महंगाई के बीच आम जनता को बड़ी राहत
  • कभी उनको भी तो कहने दो कि ये कैसी बकवास है….!
  • भविष्य मालिका ही क्यों चाहिए…!
  • प्राचीन Psychological Warfare पद्धति अर्थात “कृत्या स्त्री” और “कृत्या पुरुष”
  • रामायण और वेदों का संबंध

  • Facebook
  • Twitter
  • Youtube
  • Instagram
Copyright © All rights reserved. | MoreNews by AF themes.